पंजाब में नशीली दवाओं के खिलाफ जन आंदोलन की जरूरत पर मुख्यमंत्री भगवंत मान का कड़ा संदेश
3 मिनट में पढ़ें

जालंधर में पंजाब गौ सेवा आयोग के पदाधिकारियों और राज्य भर की गौशालाओं के प्रबंधकों के साथ हुई बैठक में मुख्यमंत्री भगवंत मान ने नशीली दवाओं के पूर्ण उन्मूलन के लिए चल रहे ‘वॉर ऑन ड्रगेज’ अभियान को जन आंदोलन में बदलने का आह्वान किया। इस मंच पर कैबिनेट मंत्री हरपाल सिंह चीमा, अमन अरोरा, डॉ. बलबीर सिंह, हरदीप सिंह मुंडियन, तरुणप्रीत सिंह सौंध, डीजीपी गौरव यादव तथा सभी जिलों के उपायुक्त, एसएसपी, पुलिस आयुक्त और डीएसपी उपस्थित थे।
नशीली दवाओं के खिलाफ जन आंदोलन की आवश्यकता
मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया कि नशीली दवाओं की समस्या केवल पुलिस की जिम्मेदारी नहीं है, बल्कि इसे सामाजिक स्तर पर जन आंदोलन बनाना आवश्यक है। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया कि नशे के दलदल में फँसे युवाओं को आरोपी के रूप में नहीं, बल्कि मरीज के रूप में देख कर उनका पुनर्वास और उपचार किया जाए।
मुख्य घोषणा: 117 डीएसपी के लिए नए वाहन
बैठक के दौरान डीजीपी गौरव यादव ने सब‑डिविजनल डीएसपी के लिए वाहनों की कमी का मुद्दा उठाया। इस पर मुख्यमंत्री ने वित्त मंत्री हरपाल सिंह चीमा से परामर्श कर राज्य के सभी 117 डीएसपी के लिए नए वाहन खरीदने की तत्काल मंजूरी दे दी। उन्होंने पूर्व सरकारों के जर्जर वाहनों की तुलना में अब पंजाब पुलिस को आधुनिक वाहनों, ड्रोन‑रोधी तकनीकों और अत्याधुनिक उपकरणों से लैस करने की बात कही।
परविंदर झोटा हत्याकांड पर सख्त रुख
मनसा में नशा‑विरोधी कार्यकर्ता परविंदर सिंह झोटा की हत्या का उल्लेख करते हुए मुख्यमंत्री ने इसे अत्यंत दुर्भाग्यपूर्ण घटना बताया। उन्होंने आरोपियों और साजिश के पीछे किसी भी तत्व को बख्शा नहीं जाने की चेतावनी दी और सामाजिक कार्यकर्ताओं एवं नशा‑विरोधी आवाज़ उठाने वालों की सुरक्षा को प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता बताया।
आपके लिए संबंधित खबरें
पड़ोसी राज्यों द्वारा पंजाब की बदनामी पर प्रतिक्रिया
मुख्यमंत्री ने कहा कि नशीले पदार्थों और पराली जलाने के नाम पर पंजाब को बदनाम करने की कोशिश की जा रही है। उन्होंने तर्क दिया कि हरियाणा, राजस्थान और उत्तर प्रदेश जैसे पड़ोसी राज्यों में भी पराली जलती है, फिर भी केवल पंजाब को ही निशाना बनाया जाता है।
केंद्र सरकार और सीमा सुरक्षा
भाषण में उन्होंने बताया कि सीमा पर 50 किलोमीटर का दायरा बीएसएफ के नियंत्रण में है और गुजरात के कांडला बंदरगाह से हजारों किलो ड्रग्स जब्त होते हैं, जो केंद्रीय एजेंसियों के नियंत्रण में आते हैं। पंजाब ने अपनी सीमा पर ड्रग तस्करी रोकने के लिए एंटी‑ड्रोन सिस्टम स्थापित किया है, जिसके लिए केंद्र ने कोई वित्तीय सहायता नहीं दी।
खेलों के माध्यम से युवाओं को दिशा
मुख्यमंत्री ने खेलों के महत्व पर प्रकाश डालते हुए कहा कि पंजाब में खेलों के माध्यम से युवाओं की ऊर्जा को सही दिशा में मोड़ा जा रहा है। उन्होंने बताया कि भारतीय हॉकी टीम के 11 में से 9 खिलाड़ी और कप्तान हरमनप्रीत सिंह पंजाब से हैं। क्रिकेट में हरमनप्रीत कौर, शुभमन गिल तथा बास्केटबॉल टीम के कप्तान प्रीतपाल बराड़ भी राज्य का नाम रोशन कर रहे हैं। एशियन चैंपियंस हॉकी ट्रॉफी का आयोजन 27 अक्टूबर से 5 नवंबर तक जालंधर और मोहाली में किया जा रहा है।
मुख्य बातें
- नशीली दवाओं के खिलाफ जन आंदोलन की जरूरत पर मुख्यमंत्री ने ज़ोर दिया।
- 117 सब‑डिविजनल डीएसपी के लिए नए वाहन खरीदने की तत्काल मंजूरी दी गई।
- परविंदर झोटा हत्याकांड पर सख्त रुख और सुरक्षा की गारंटी का आश्वासन।
- पंजाब को बदनाम करने की कोशिशों पर मुख्यमंत्री ने कटाक्ष किया।
- सीमा पर एंटी‑ड्रोन सिस्टम स्थापित, केंद्र से कोई वित्तीय सहायता नहीं।
- खेलों के माध्यम से युवाओं को सकारात्मक दिशा देने के लिए पहल।




टिप्पणियाँ
0