सपा ने शुरू किया दैनिक मतदाता सूची गड़बड़ी उजागर अभियान, डुप्लीकेट और फर्जी नामों पर फोकस
3 मिनट में पढ़ें

उत्तर प्रदेश में आगामी विधानसभा चुनाव की तैयारियों के बीच समाजवादी पार्टी (सपा) ने मतदाता सूची में मौजूद खामियों को उजागर करने के लिए एक नया दैनिक अभियान शुरू किया है। इस पहल का उद्देश्य डुप्लीकेट और फर्जी मतदाता नामों को सार्वजनिक करके चुनाव प्रक्रिया को पारदर्शी और निष्पक्ष बनाना है।
अभियान की रूपरेखा
सपा ने बताया कि वह हर दिन मतदाता सूची में एक नई विसंगति को जनता और मीडिया के सामने लाएगा। इस अभियान की शुरुआत सोमवार से हुई और पहले चरण में डुप्लीकेट मतदाता नामों तथा फर्जी नामों पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है। पार्टी के अनुसार, यह कदम चुनाव आयोग के विशेष संक्षिप्त पुनरीक्षण (SSR) से पहले आवश्यक है, ताकि सूची में मौजूद त्रुटियों को समय पर सुधारा जा सके।
एक महीने का विशेष अभियान
पार्टी ने कहा कि हाल ही में विशेष पुनरीक्षण अभियान (SIR) पूरा हो चुका है, जिसमें अनुपस्थित, शिफ्ट हुए और मृत मतदाताओं के नाम हटाए गए और फॉर्म‑6 के माध्यम से नए मतदाता जोड़े गए। अब सपा एक महीने तक प्रतिदिन एक नई गड़बड़ी उजागर करेगा, जिससे मतदाता सूची की त्रुटिरहितता सुनिश्चित हो सके।
बीजेपी पर शंका और संभावित डबल वोटिंग
SIR के दौरान कई मतदाताओं ने बताया कि उनका नाम शहर और गांव दोनों की सूचियों में मौजूद था, जिससे उन्हें शहर में वोट कटवाने की समस्या का सामना करना पड़ा। सपा को आशंका है कि बीजेपी इस त्रुटि का फायदा उठाकर डुप्लीकेट नामों को फिर से सक्रिय कर सकती है, जिससे डबल वोटिंग की संभावना बढ़ सकती है। पार्टी के प्रदेश सचिव केके श्रीवास्तव ने कहा कि सत्ता पक्ष इस दौरान बड़ी गड़बड़ी कर सकता है और इसलिए सपा चुनाव आयोग के दफ्तर में लगातार अपनी बात रखेगी।
आपके लिए संबंधित खबरें
मुख्य निर्वाचन अधिकारी का बयान
प्रदेश के मुख्य निर्वाचन अधिकारी नवदीप रिनवा ने स्पष्ट किया कि चुनाव आयोग के सॉफ्टवेयर में डुप्लीकेसी और एक से अधिक प्रविष्टियों को स्वतः पहचानने की मजबूत व्यवस्था है। यदि कोई व्यक्ति किसी अन्य स्थान की मतदाता सूची में पहले से पंजीकृत मिलता है, तो सॉफ्टवेयर उसे संभावित डुप्लीकेट के रूप में चिह्नित कर देता है।
मुख्य बातें
- सपा ने मतदाता सूची में डुप्लीकेट और फर्जी नामों को उजागर करने के लिए दैनिक अभियान शुरू किया।
- अभियान का पहला चरण सोमवार से शुरू, हर दिन नई विसंगति सार्वजनिक।
- विशेष पुनरीक्षण (SIR) पूरा, अब SSR से पहले त्रुटियों को सुधारने के लिए एक महीने का अभियान।
- पार्टी को बीजेपी द्वारा संभावित डबल वोटिंग की शंका।
- मुख्य निर्वाचन अधिकारी ने कहा, चुनाव आयोग के सॉफ्टवेयर में डुप्लीकेट पहचान की मजबूत व्यवस्था है।




टिप्पणियाँ
0