वैशाली में घरेलू विवाद में 22 साल की पत्नी की डंडे से हत्या, 5 साल की बेटी ने देखा
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बिहार के वैशाली जिले के बिदुपुर थाना क्षेत्र में एक घरेलू विवाद ने हृदयविदारक हत्या की घटना को जन्म दिया। मथुरापुर वार्ड‑6 में 22 वर्षीय आशा देवी को उसके पति ने डंडे से पीट‑पीटकर मार डाला, जबकि उनकी 5 साल की बेटी अंशिका कुमारी ने इस अत्याचार को देखा और बताया।
घटना की पृष्ठभूमि
आशा देवी, जिनका पिता गणेश पासवान है, का जन्म राघोपुर के जुरावनपुर थाना क्षेत्र में हुआ था। लगभग ढाई साल पहले उन्होंने मथुरापुर निवासी सुजीत पासवान से शादी की थी। यह दोनों की दूसरी शादी थी; सुजीत की पहली पत्नी की बीमारी से मृत्यु हो गई थी और उनके दो बच्चे हैं। आशा की भी एक पूर्व शादी थी, जिसके बाद उनके पहले पति का निधन हो गया था।
परिवार के बीच तनाव
परिजनों के अनुसार, शादी के छह महीने बाद सुजीत के व्यवहार में बदलाव आया और वह आशा पर लगातार मारपीट करने लगा। पिछले पाँच दिनों से आशा को भोजन भी नहीं दिया जा रहा था। आशा ने एक रात लगभग नौ बजे अपने पिता को फोन करके मायके ले जाने की गुहार लगाई, यह जताते हुए कि उसे जिंदा नहीं छोड़ा जाएगा। परिजनों ने सुबह ले जाने की बात कही, परन्तु सुबह ही आशा की मृत्यु की खबर मिली।
हत्याकांड का विवरण
रात के खाने के बाद, सुजीत ने डंडे से आशा को मारना शुरू किया। इस समय घर में दादी और दादा दोनों उपस्थित नहीं थे। हत्या के बाद सुजीत और उसके परिवार के अन्य सदस्य घर से फरार हो गए। घर में केवल 5 साल की अंशिका कुमारी अकेली मिली, जिसने अपने पिता द्वारा मां को मारने की सच्ची घटना को बताया।
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पुलिस की कार्रवाई
घटना की सूचना मिलने पर बिदुपुर थानाध्यक्ष रवि प्रकाश ने पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचकर जांच शुरू की। एफएसएल टीम को भी बुलाया गया। शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए हाजीपुर सदर अस्पताल भेजा गया। वर्तमान में पुलिस फरार आरोपियों की तलाश में जुटी है और हत्या के पीछे के कारणों तथा परिवार के बीच के विवादों की गहन जांच कर रही है।
मुख्य बातें
- बिदुपुर थाना क्षेत्र के मथुरापुर वार्ड‑6 में 22 वर्षीय आशा देवी को पति ने डंडे से मार डाला।
- हत्याकांड के बाद पति सुजीत पासवान और उसके परिवार के सदस्य फरार हो गए।
- आशा की 5 साल की बेटी अंशिका ने घटना की जानकारी दी और पिता द्वारा मां को मारने की साक्षी बनी।
- पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए हाजीपुर अस्पताल भेजा और फरार आरोपियों की तलाश शुरू की।
- परिवार के अनुसार, शादी के बाद पति का व्यवहार बदल गया और लगातार मारपीट तथा भोजन न देने की शिकायतें थीं।
यह मामला घरेलू हिंसा और महिला सुरक्षा के मुद्दों को फिर से उजागर करता है। स्थानीय प्रशासन और पुलिस से अपेक्षा है कि वे इस प्रकार की घटनाओं को रोकने के लिए कड़ी कार्रवाई करें और पीड़ितों को न्याय दिलाने में तत्पर रहें।




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