नवरात्रि 2026: रविवार को हाथी पर आएँगी माँ दुर्गा, मंगलवार को प्रस्थान होगा मुर्गा/चरणायुध
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शारदीय नवरात्रि 2026 का आगमन 11 अक्टूबर (रविवार) से होगा और यह उत्सव 20 अक्टूबर (मंगलवार) को विजयादशमी के साथ समाप्त होगा। इस पावन अवधि में माँ दुर्गा के आगमन‑प्रस्थान की सवारी को लेकर प्राचीन धार्मिक मान्यताएँ मौजूद हैं। इन मान्यताओं के अनुसार, नवरात्रि के प्रारम्भिक दिन के वार और विजयादशमी के वार के आधार पर देवी की सवारी तय होती है।
नवरात्रि के पहले दिन का वार और माँ दुर्गा का वाहन
धार्मिक ग्रंथों में कहा गया है कि माँ दुर्गा का स्थायी वाहन सिंह है, परन्तु नवरात्रि के दौरान वह विभिन्न साधनों पर सवार होकर पृथ्वी पर आती हैं। वार के अनुसार सवारी इस प्रकार निर्धारित होती है:
- रविवार या सोमवार – हाथी: यदि नवरात्रि रविवार या सोमवार से शुरू होती है, तो माँ दुर्गा हाथी पर सवार होकर आती हैं। हाथी को शुभता, समृद्धि और वर्षा से जोड़ा जाता है।
- शनिवार या मंगलवार – घोड़ा: इन दो वारों में माँ दुर्गा घोड़े पर आती हैं, जो गति, परिवर्तन और राजनीतिक हलचल का प्रतीक माना जाता है।
- बुधवार – नाव: बुधवार को नवरात्रि शुरू होने पर माँ दुर्गा नाव पर सवार होती हैं, जो जीवन में आगे बढ़ने और बाधाओं को पार करने का संकेत देती है।
- गुरुवार या शुक्रवार – डोली/पालकी: यदि नवरात्रि इन वारों में शुरू होती है, तो माँ दुर्गा डोली पर आती हैं, जिसे कुछ मान्यताएँ अशुभ संकेत मानती हैं, जैसे बीमारी या आर्थिक कठिनाइयाँ।
विजयादशमी के दिन का वार और माँ दुर्गा का प्रस्थान वाहन
विजयादशमी के वार के आधार पर भी प्रस्थान की सवारी निर्धारित होती है। मान्यताएँ इस प्रकार हैं:
- रविवार या सोमवार – भैंसा: इन दो वारों में माँ दुर्गा भैंसे पर विदा होती हैं, जिसे दुख और अशांति से जोड़ा जाता है।
- शनिवार या मंगलवार – मुर्गा/चरणायुध: इस वार में प्रस्थान का वाहन मुर्गा या चरणायुध माना जाता है, जो आपसी कलह और कष्ट के संकेत के रूप में देखा जाता है।
- बुधवार या शुक्रवार – हाथी: इन वारों में माँ दुर्गा हाथी पर विदा होती हैं, जिसे शुभ और लाभकारी माना जाता है।
- गुरुवार – पालकी/डोली: यदि विजयादशमी गुरुवार को पड़ती है, तो माँ दुर्गा पालकी पर प्रस्थान करती हैं, जिसे समृद्धि और शांति का संकेत माना जाता है।
2026 में माँ दुर्गा की सवारी का विशिष्ट विवरण
2026 में नवरात्रि रविवार, 11 अक्टूबर से शुरू होगी। ऊपर दी गई मान्यताओं के अनुसार, इस दिन माँ दुर्गा हाथी पर सवार होकर आएँगी, जो इस वर्ष के लिए शुभ संकेत माना जाता है। विजयादशमी मंगलवार, 20 अक्टूबर को पड़ती है, इसलिए प्रस्थान का वाहन मुर्गा या चरणायुध होगा, जिसे कुछ मान्यताएँ अशुभ संकेत के रूप में देखते हैं।
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मुख्य बातें
- नवरात्रि 2026 की शुरुआत रविवार, 11 अक्टूबर से होगी।
- रविवार या सोमवार को नवरात्रि शुरू होने पर माँ दुर्गा हाथी पर सवार होती हैं।
- विजयादशमी 2026 मंगलवार, 20 अक्टूबर को होगी।
- मंगलवार को विजयादशमी पड़ने पर माँ दुर्गा का प्रस्थान मुर्गा/चरणायुध पर माना जाता है।
- इन मान्यताओं का आधार धार्मिक ग्रंथों और परम्परागत व्याख्याओं पर है, न कि वैज्ञानिक प्रमाण पर।
यह जानकारी धार्मिक मान्यताओं और सामान्य ज्ञान पर आधारित है। टीवी9 भारतवर्ष इस सामग्री की पुष्टि नहीं करता।




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