बिहार बोर्ड के कामों के लिए अब पटना नहीं, 9 शहरों में नए शिकायत निवारण केंद्र
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बिहार विद्यालय परीक्षा समिति (BSEB) ने राज्य के 9 प्रमुख शहरों में पूछताछ‑शिकायत निवारण केंद्र (PCC) खोलने का निर्णय लिया। इस कदम से छात्र, अभिभावक और शिक्षकों को पटना के मुख्य कार्यालय तक जाने की जरूरत नहीं रहेगी; वे अपने नजदीकी क्षेत्रीय कार्यालय में ही मैट्रिक, इंटरमीडिएट, STET, D.El.Ed. तथा अन्य शैक्षणिक मामलों से जुड़ी शिकायतें निःशुल्क दर्ज कर सकेंगे।
केंद्रों का स्थान एवं कार्यक्षेत्र
बिहार बोर्ड ने अपने 9 प्रमंडलीय मुख्यालयों को PCC के रूप में तैयार किया है। इन केंद्रों में निम्नलिखित कार्य उपलब्ध होंगे:
- मैट्रिक, इंटरमीडिएट, STET, D.El.Ed. आदि परीक्षाओं से जुड़ी शिकायतें दर्ज करना।
- स्कूलों की संबद्धता, अनुदान, स्कॉलरशिप और पेंशन संबंधी मुद्दों का समाधान।
- शिकायत के बाद रेफरेंस नंबर प्रदान कर ऑनलाइन ट्रैकिंग की सुविधा।
- समाधान की सूचना एसएमएस के माध्यम से प्राप्त करना।
केंद्रों के पते
- पटना – राजकीय बालक उच्च माध्यमिक विद्यालय परिसर, शास्त्री नगर, पटना‑800023
- मुजफ्फरपुर – बीबी कॉलेजिएट कैंपस, मुजफ्फरपुर‑842001
- छपरा – विश्वेश्वर सेमिनरी परिसर, छपरा‑841301
- दरभंगा – जिला स्कूल परिसर, दरभंगा‑846003
- सहरसा – जिला स्कूल परिसर, सहरसा‑852201
- पूर्णिया – जिला स्कूल कैंपस, पूर्णिया‑854301
- भागलपुर – जगलाल उच्च विद्यालय कैंपस, भागलपुर‑812002
- मुंगेर – जिला स्कूल छात्रावास, मुंगेर‑811201
- गया – हरिदास सेमिनरी +2 स्कूल कैंपस, गया‑823001
शिकायत दर्ज करने की प्रक्रिया
शिकायत दर्ज करने की प्रक्रिया पूरी तरह से निःशुल्क है। आवेदक को केवल अपने दस्तावेज़ों के साथ संबंधित केंद्र में जाना है। बोर्ड प्रत्येक शिकायत को एक विशिष्ट रेफरेंस नंबर देता है, जिससे आवेदक ऑनलाइन या एसएमएस के माध्यम से उसकी प्रगति देख सकता है। शिकायत प्राप्त होने के बाद उसे संबंधित शाखा में डिजिटल रूप से भेजा जाता है और समाधान की सूचना तुरंत एसएमएस द्वारा भेजी जाती है।
मुख्य बातें
- बिहार बोर्ड ने 9 शहरों में पूछताछ‑शिकायत निवारण केंद्र शुरू किए।
- मैट्रिक, इंटरमीडिएट, STET, D.El.Ed. सहित कई परीक्षाओं की शिकायतें स्थानीय स्तर पर दर्ज की जा सकती हैं।
- स्कूलों की संबद्धता, अनुदान, स्कॉलरशिप और पेंशन के मामलों में भी सुविधा उपलब्ध है।
- शिकायत निःशुल्क है और प्रत्येक शिकायत को रेफरेंस नंबर मिलता है।
- समाधान की सूचना एसएमएस के जरिए तुरंत प्राप्त होगी।
- पटना के मुख्य कार्यालय तक यात्रा करने की आवश्यकता नहीं, जिससे समय और खर्च दोनों की बचत होगी।
बोर्ड की अपेक्षित प्रभावशीलता
बिहार बोर्ड ने इस पहल को पारदर्शी, समयबद्ध और उपयोगकर्ता‑मित्र बनाकर छात्रों, अभिभावकों और शिक्षकों के लिए एक सुलभ मंच प्रदान करने के उद्देश्य से शुरू किया है। क्षेत्रीय स्तर पर शिकायतों का त्वरित निपटारा होने से न केवल प्रशासनिक बोझ कम होगा, बल्कि शैक्षणिक प्रक्रिया में विश्वास भी बढ़ेगा।




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