अशोक सिंघल जन्मशताब्दी पर मुंबई में युवा सम्मेलन: 4,000 युवाओं ने राष्ट्रनिर्माण का संकल्प लिया
3 मिनट में पढ़ें

विश्व हिंदू परिषद ने दिवंगत शहीद अशोक सिंघल की जन्मशताब्दी वर्ष के अवसर पर मुंबई में एक भव्य युवा सम्मेलन का आयोजन किया। षण्मुखानंद सभागृह में बजरंग दल और दुर्गा वाहिनी के संयुक्त तत्वावधान में लगभग चार हजार युवक‑युवतियों ने भाग लेकर हिंदू संस्कृति के संरक्षण और राष्ट्रनिर्माण के संकल्प को दृढ़ किया।
सम्मेलन का मुख्य उद्देश्य
सम्मेलन का मुख्य संदेश ‘शक्तिहिंदू संस्कृतिराष्ट्रनिर्माण’ था। इस मंच पर विभिन्न सामाजिक, उद्यमी और सांस्कृतिक क्षेत्रों की प्रमुख हस्तियों ने भाग लेकर युवा वर्ग को सामाजिक जिम्मेदारी, सांस्कृतिक मूल्यों और राष्ट्रभावना को सुदृढ़ करने का आह्वान किया।
मुख्य वक्ताओं के विचार
बजरंग दल के केंद्रीय सह‑संयोजक विवेक कुलकर्णी ने अपने संबोधन में युवाओं से श्रीमद्भगवद्गीता के सिद्धांत और छत्रपति शिवाजी महाराज के कार्यों को अपनाने की अपील की। उन्होंने हिंदू संस्कृति के महत्व पर बल देते हुए सामाजिक जिम्मेदारी को प्राथमिकता देने का आग्रह किया।
राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) के सह‑सरकार्यवाह अरुण कुमार ने अशोक सिंघल के कार्यों को याद करते हुए बताया कि उन्होंने कठिन परिस्थितियों में संगठन को स्थापित किया और विभिन्न जाति‑समुदाय, संप्रदाय तथा साधु‑संतों को साथ लेकर समाज जागरण का कार्य किया।
आपके लिए संबंधित खबरें
महामंडलेश्वर स्वामी प्रणवानंद सरस्वती ने युवाओं से आत्मबोध और भारतीय संस्कृति के मूल्यों को अपनाने का आह्वान किया, जिससे सामाजिक एकता और राष्ट्रीय प्रगति को गति मिलेगी।
संख्या और भागीदारी
सम्मेलन में लगभग 4,000 युवा‑युवतियों ने भाग लिया। इसके अलावा उद्यमियों, सामाजिक कार्यकर्ताओं और विभिन्न क्षेत्रों की प्रमुख हस्तियों ने भी शिरकत की, जिससे कार्यक्रम का दायरा व्यापक और प्रभावशाली रहा।
भविष्य के कार्यक्रम
अशोक सिंघल की जन्मशताब्दी वर्ष के दौरान विश्व हिंदू परिषद द्वारा साल भर विभिन्न धार्मिक, सांस्कृतिक, सामाजिक एवं सेवा‑आधारित कार्यक्रमों का आयोजन किया जाएगा। परिषद के अध्यक्ष ने कहा कि यह श्रृंखला भारतीय संस्कृति के मूल्यों को सुदृढ़ करने और सामाजिक जागरूकता बढ़ाने के उद्देश्य से आयोजित की जा रही है।
मुख्य बातें
- विश्व हिंदू परिषद ने मुंबई में अशोक सिंघल की जन्मशताब्दी पर युवा सम्मेलन आयोजित किया।
- सम्मेलन में बजरंग दल और दुर्गा वाहिनी के संयुक्त तत्वावधान में लगभग 4,000 युवा‑युवतियों ने भाग लिया।
- मुख्य संदेश: हिंदू संस्कृति संरक्षण, सामाजिक जिम्मेदारी और राष्ट्रनिर्माण।
- विवेक कुलकर्णी, अरुण कुमार और प्रणवानंद सरस्वती सहित कई प्रमुख नेताओं ने संबोधन दिया।
- अशोक सिंघल के योगदान को याद करते हुए सामाजिक जागरण और विविध वर्गों के सहयोग पर प्रकाश डाला गया।
- जन्मशताब्दी वर्ष में साल भर विभिन्न धार्मिक, सांस्कृतिक और सामाजिक कार्यक्रमों का आयोजन किया जाएगा।
इस प्रकार, युवा वर्ग ने अपने संकल्प के माध्यम से भारतीय संस्कृति के संरक्षण और राष्ट्रनिर्माण में सक्रिय योगदान देने का दृढ़ संकल्प व्यक्त किया।




टिप्पणियाँ
0