बागेश्वर धाम में महिलाओं के लिए सुरक्षा चेतावनी: धीरेंद्र शास्त्री की अहम अपील
3 मिनट में पढ़ें

बागेश्वर धाम के पीठाधीश्वर धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री ने श्रद्धालुओं, विशेषकर महिलाओं और युवतियों से सुरक्षा के प्रति सतर्क रहने की अपील की। उन्होंने कहा कि वर्तमान समय में धार्मिक स्थलों को बदनाम करने की कोशिशें बढ़ रही हैं, इसलिए माताओं और बहनों को अकेले धाम नहीं आना चाहिए। यदि किसी कारणवश अकेले आना पड़े तो अनजान व्यक्तियों या सेवादारों पर आँख मूंदकर भरोसा न करें।
सुरक्षा के प्रमुख बिंदु
धीरेंद्र शास्त्री ने मंच से जारी संदेश में कई महत्वपूर्ण बिंदु स्पष्ट किए:
- धाम में श्रद्धालुओं के ठहरने के लिए कोई विशेष आवासीय व्यवस्था नहीं है; इसलिए लम्बे समय तक रुकना उचित नहीं।
- मंदिर परिसर और निर्धारित क्षेत्रों के बाहर किसी अनजान व्यक्ति के कहने पर कहीं न जाएँ।
- धाम की ओर से मंदिर और दरबार तक की सुरक्षा की जिम्मेदारी ली जा सकती है, पर पाँच किलोमीटर के दायरे में पूरे क्षेत्र की सुरक्षा सुनिश्चित करना संभव नहीं।
- धाम के आसपास विभिन्न प्रकार के लोग आते हैं; इसलिए सतर्कता अनिवार्य है।
- यदि अकेले आएँ तो मंदिर और प्रांगण के भीतर ही रहें, बाहर के अनजान क्षेत्रों में न जाएँ।
धार्मिक स्थलों की बदनामी को रोकना
शास्त्री ने कहा कि देश में विभिन्न तीर्थस्थलों से जुड़े विवाद लगातार सामने आ रहे हैं, जिससे पवित्र स्थलों की छवि पर असर पड़ता है। बागेश्वर धाम को भी ऐसी किसी भी बदनामी से बचाना आवश्यक है। उन्होंने कहा कि पूरे धाम क्षेत्र में हर जगह सीसीटीवी कैमरे लगाना व्यावहारिक नहीं है, इसलिए श्रद्धालुओं को स्वयं अपनी सुरक्षा के प्रति सजग रहना होगा।
महिलाओं और बेटियों की सुरक्षा पर विशेष चिंता
धीरेंद्र शास्त्री ने महिलाओं की सुरक्षा को लेकर गंभीर चिंता व्यक्त की। उन्होंने कहा कि आज के समय में महिलाओं को घर से बाहर तक सतर्क रहना आवश्यक है। उन्होंने सभी श्रद्धालुओं से अपील की कि वे न केवल स्वयं जागरूक रहें, बल्कि दूसरों को भी सतर्क करने का प्रयास करें। इस संदेश को मोबाइल में रिकॉर्ड कर अधिक से अधिक लोगों तक पहुँचाने का भी आग्रह किया गया।
आपके लिए संबंधित खबरें
मुख्य बातें
- बागेश्वर धाम में अकेले न आएँ, विशेषकर महिलाएँ और युवतियाँ।
- अनजान व्यक्तियों या सेवादारों पर आँख मूंदकर भरोसा न करें।
- धाम में ठहरने की कोई विशेष व्यवस्था नहीं, इसलिए लम्बे समय तक न रुकें।
- मंदिर परिसर और निर्धारित स्थानों के बाहर किसी भी अनजान के कहने पर न जाएँ।
- धाम की सुरक्षा केवल मंदिर‑दरबार तक सीमित, पूरे पाँच किलोमीटर के क्षेत्र में नहीं।
- सीसीटीवी कवरेज सीमित, इसलिए व्यक्तिगत सतर्कता आवश्यक।
- संदेश को मोबाइल में रिकॉर्ड कर व्यापक रूप से साझा करने की अपील।
धीरेंद्र शास्त्री की यह अपील बागेश्वर धाम के भक्तों के बीच सुरक्षा के प्रति जागरूकता बढ़ाने के उद्देश्य से की गई है। उन्होंने यह भी कहा कि यदि सभी श्रद्धालु इस संदेश को अपनाएँ तो धार्मिक स्थल की शांति और सुरक्षा बनी रहेगी।




टिप्पणियाँ
0