नागौर: हनुमान बेनीवाल की छोटी भाभी बनीं सरपंच, बड़ी भाभी को 149 वोटों से हराया
2 मिनट में पढ़ें

राजस्थान के नागौर जिले के बरणगांव में सरपंच पद के चुनाव में राष्ट्रीय लोकतांत्रिक पार्टी (आरएलपी) के सांसद हनुमान बेनीवाल की दो भाभियों के बीच सीधा मुकाबला हुआ। दोनों उम्मीदवार देवरानी‑जेठानी होने के साथ-साथ सगी बहनें भी हैं, जिससे इस चुनाव में व्यक्तिगत और पारिवारिक गतिशीलता का विशेष महत्व रहा।
परिणाम और मतों का अंतर
इस चुनाव में छोटी भाभी राजबाला बेनीवाल ने 149 वोटों से बड़ी भाभी मीरा बेनीवाल को हराया। इस अंतर ने स्पष्ट किया कि स्थानीय स्तर पर राजबाला बेनीवाल की लोकप्रियता अधिक थी, जबकि मीरा बेनीवाल को अपेक्षाकृत कम समर्थन मिला।
मुख्य बातें
- स्थान: बरणगांव, नागौर, राजस्थान
- पार्टी: राष्ट्रीय लोकतांत्रिक पार्टी (आरएलपी)
- उम्मीदवार: राजबाला बेनीवाल (छोटी भाभी) बनाम मीरा बेनीवाल (बड़ी भाभी)
- परिणाम: राजबाला बेनीवाल ने 149 वोटों से जीत हासिल की
- संबंध: दोनों ही सांसद हनुमान बेनीवाल की भाभी हैं, साथ ही सगी बहनें भी हैं
पृष्ठभूमि और प्रभाव
हनुमान बेनीवाल राजस्थान की प्रमुख राजनीतिक हस्तियों में से एक हैं, और उनके परिवार के सदस्य अक्सर स्थानीय चुनावों में सक्रिय रहते हैं। इस बार दो भाभियों के बीच प्रतिद्वंद्विता ने स्थानीय राजनीति में नई गतिशीलता लाई। जीतने वाली राजबाला बेनीवाल अब बरणगांव की सरपंच के रूप में कार्यभार संभालेंगी, जिससे स्थानीय विकास योजनाओं और प्रशासनिक कार्यों में उनका योगदान अपेक्षित है। दूसरी ओर, मीरा बेनीवाल के हारने से उनके भविष्य की राजनीतिक दिशा पर प्रश्न उठ सकते हैं।
आगे की संभावनाएँ
सरपंच पद पर नई नियुक्ति के बाद, बरणगांव में जल, सड़क, स्वास्थ्य और शिक्षा जैसे बुनियादी सुविधाओं के सुधार पर ध्यान केंद्रित किया जाएगा। राजबाला बेनीवाल के कार्यकाल में इन क्षेत्रों में सुधार की अपेक्षा की जा रही है, जिससे स्थानीय जनता के जीवन स्तर में सुधार हो सकता है।




टिप्पणियाँ
0